Wednesday, December 19, 2012

एचइसी की ज़मीन पर निजी स्कूलों की मनमानी


एचइसी प्रबंधन रांची ने अपने कर्मियों के बच्चों को शिक्षा की बेहतर सुविधा देने के लिए कई निजी स्कूलों को नाममात्र की लीज रेंट पर भूमि उपलब्ध कराई है. उनमें केरली स्कूल, संत थॉमस, सरस्वती शिशु मंदिर, विवेकानंद विद्या मंदिर, प्रभात तर स्कूल प्रमुख हैं.इन विद्यालयों ने आवंटित ज़मीन के अलावा आसपास की ज़मीन पर अवैध कब्ज़ा कर भी निर्माण कार्य करा लिए हैं. लेकिन आज उनमें एचइसी के कर्मियों के बच्चों को न नामांकन में प्राथमिकता दी जा रही है न शिक्षण शुल्क में कोई रियायत. उनकी साथ वही व्यवहार किया जा रहा है जो बाहर के बच्चों के साथ. बल्कि कर्मियों के बच्चों की जगह गैर कर्मियों के बच्चों के नामांकन पर जोर दिया जा रहा है ताकि विकास शुल्क के नाम पर मनमानी रकम की उगाही की जा सके. लेकिन एचइसी प्रबंधन का इसपर कोई ध्यान नहीं है. ट्रेड युनियन, कर्मचारी संगठन, समाजसेवी संस्थाओं की प्राथमिकता सूची में भी यह मुद्दा नहीं है.बिचारे कर्मी मन मसोस कर रह जा रहे हैं. प्रबंधन का ध्यान आकृष्ट करने का कोई नतीजा नहीं निकलता. स्कूल प्रबंधन भी प्रबंधन की उदासीनता का पूरा लाभ उठाते हैं. बड़े अधिकारियों की तो वे हर तरह की सेवा करते हैं लेकिन आम कर्मियों को सैयां भये कोतवाल...के अंदाज़ में कोई भाव नहीं देते.कर्मी परेशान हैं कि उनके बच्चों को बेहतर शिक्षा कैसे मिले.

----नवल किशोर सिंह